राजधानी भोपाल में राज्य शासन के राजस्व को करोड़ों रुपये का चूना लगाने वाले एक संगठित सिंडिकेट का पर्दाफाश हुआ है। ईओडब्ल्यू की टीम ने छापा मारकर 5 मुख्य आरोपियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
सरकारी पोर्टल का क्लोन बनाकर कर रहे थे धोखाधड़ी
जांच में सामने आया कि गिरोह ने खनिज विभाग के आधिकारिक पोर्टल से मिलता-जुलता एक सर्वर तैयार किया था, जहां से वे ट्रकों को फर्जी बारकोड युक्त रॉयल्टी पर्चियां जारी कर रहे थे। पिछले छह महीनों में इस सिंडिकेट ने सरकारी खजाने को 12 करोड़ से अधिक का नुकसान पहुंचाया।
पुलिस ने आरोपियों के पास से 8 लैपटॉप, 14 मोबाइल फोन, फर्जी मोहरें और बैंक खातों के चेक जब्त किए हैं। मामले में कुछ स्थानीय अधिकारियों की मिलीभगत की भी जांच की जा रही है।

