सागर और दमोह जिले के 72 गांवों के किसानों के खेतों तक अब पगरा डैम का पानी बिना किसी बिजली मोटर अथवा पंप के सीधे प्राकृतिक ग्रेविटी दबाव से पहुंचेगा।
बिना बिजली और पंप के चलेंगे स्प्रिंकलर
जल संसाधन विभाग के अनुसार पंचम नगर इरिगेशन कॉम्प्लेक्स प्रदेश की ऐसी पहली प्रेशराइज्ड पाइप माइक्रो इरिगेशन प्रणाली है, जो पूरी तरह गुरुत्वाकर्षण प्रवाह (ग्रेविटी फ्लो) के सिद्धांत पर आधारित है। पगरा डैम से ऊंचाई के अंतर के कारण पानी इतना दबाव बनाएगा कि किसान अपने खेतों में सीधे स्प्रिंकलर चला सकेंगे। इससे किसानों को बिजली बिल के खर्च और रात के समय सिंचाई की असुविधा से पूरी तरह मुक्ति मिलेगी।

अलाइनमेंट संशोधन के बाद 25 हजार हेक्टेयर का लक्ष्य
परियोजना के तहत 16 हजार हेक्टेयर क्षेत्र तक पहले ही पानी पहुंचाया जा चुका है। जीएम-1 पाइपलाइन मार्ग में जमीन से जुड़े कानूनी विवाद के कारण चार वर्षों से काम रुका हुआ था, जिसे विभाग ने नया अलाइनमेंट तैयार कर सुलझा लिया है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार जीएम-1 से 11 हजार हेक्टेयर और जीएम-2 से 14 हजार हेक्टेयर सहित कुल 25 हजार हेक्टेयर कृषि भूमि सिंचित की जाएगी।

