खरगोन जिले के छोटे से गांव दौड़वां की बेटी दिव्यांजली पाटीदार ने अपनी प्रतिभा के दम पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई है। वे जर्मनी के हैम्बर्ग शहर की प्रतिष्ठित फिजिक्स लैब में मटेरियल साइंस पर शोध कर रही हैं।
ग्रामीण पृष्ठभूमि से अंतरराष्ट्रीय रिसर्च तक का सफर
संकुल केंद्र पीएम श्री शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के जन शिक्षक महेश पाटीदार की पुत्री दिव्यांजली की प्रारंभिक शिक्षा दौड़वां गांव के ही सरकारी स्कूल में कक्षा 10वीं तक हुई। इसके बाद उन्होंने इंदौर के होल्कर साइंस कॉलेज से भौतिक शास्त्र में स्नातकोत्तर (एमएससी) की उपाधि प्राप्त की और वर्तमान में सेज यूनिवर्सिटी से पीएचडी कर रही हैं।
12 दिवसीय विदेशी शोध यात्रा
सरकारी शोध दल के साथ वे वैज्ञानिक अंजू अहलावत के नेतृत्व में जर्मनी गई हैं। इस 12 दिवसीय शैक्षणिक यात्रा के दौरान वे जर्मनी और स्विट्जरलैंड के विभिन्न प्रतिष्ठित अनुसंधान केंद्रों का भ्रमण करने के साथ हैम्बर्ग की प्रयोगशाला में उन्नत मटेरियल साइंस पर शोध कार्य संपादित कर रही हैं। ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभा की इस उपलब्धि पर क्षेत्रवासियों ने हर्ष व्यक्त किया है।


